Monday, June 15, 2026

National

spot_img

इटावा में ACMO 55 हजार रुपये की रिश्वत लेते गिरफ्तार

इटावा : लखनऊ केसरी से प्रियंका शर्मा की रिपोर्ट

इटावा, 11 जून। उत्तर प्रदेश के इटावा जनपद में भ्रष्टाचार के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए कानपुर विजिलेंस टीम ने स्वास्थ्य विभाग के अपर मुख्य चिकित्सा अधिकारी (ACMO) श्री निवास यादव को कथित रूप से 55 हजार रुपये की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथ गिरफ्तार कर लिया। इस कार्रवाई से स्वास्थ्य विभाग में हड़कंप मच गया।

प्राप्त जानकारी के अनुसार, एक पैथोलॉजी लैब के पंजीकरण को मंजूरी देने के एवज में रिश्वत की मांग किए जाने की शिकायत विजिलेंस विभाग को प्राप्त हुई थी। शिकायतकर्ता का आरोप था कि वह पहले भी रिश्वत की एक किश्त दे चुका था, जबकि शेष राशि के लिए लगातार दबाव बनाया जा रहा था।

शिकायत का सत्यापन करने के बाद कानपुर विजिलेंस की टीम ने योजनाबद्ध तरीके से जाल बिछाया। बुधवार को लगभग 12 सदस्यीय टीम इटावा पहुंची। जैसे ही शिकायतकर्ता ने सीएमओ कार्यालय परिसर में आरोपी अधिकारी को 55 हजार रुपये सौंपे, विजिलेंस टीम ने तत्काल कार्रवाई करते हुए उन्हें पकड़ लिया और कथित रिश्वत की राशि बरामद कर ली।

सूत्रों के अनुसार, आरोपी अधिकारी लंबे समय से इटावा में तैनात थे और उन पर पूर्व में भी विभागीय कार्यों के बदले रिश्वत लेने के आरोप लग चुके हैं। गिरफ्तारी के बाद विजिलेंस टीम उन्हें सिविल लाइंस थाने ले गई, जहां उनके विरुद्ध भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत आवश्यक कानूनी कार्रवाई शुरू की गई।

मामले के संबंध में स्वास्थ्य विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों ने तत्काल कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया नहीं दी है। वहीं, विजिलेंस विभाग द्वारा मामले की आगे की जांच जारी है।

International

spot_img

इटावा में ACMO 55 हजार रुपये की रिश्वत लेते गिरफ्तार

इटावा : लखनऊ केसरी से प्रियंका शर्मा की रिपोर्ट

इटावा, 11 जून। उत्तर प्रदेश के इटावा जनपद में भ्रष्टाचार के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए कानपुर विजिलेंस टीम ने स्वास्थ्य विभाग के अपर मुख्य चिकित्सा अधिकारी (ACMO) श्री निवास यादव को कथित रूप से 55 हजार रुपये की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथ गिरफ्तार कर लिया। इस कार्रवाई से स्वास्थ्य विभाग में हड़कंप मच गया।

प्राप्त जानकारी के अनुसार, एक पैथोलॉजी लैब के पंजीकरण को मंजूरी देने के एवज में रिश्वत की मांग किए जाने की शिकायत विजिलेंस विभाग को प्राप्त हुई थी। शिकायतकर्ता का आरोप था कि वह पहले भी रिश्वत की एक किश्त दे चुका था, जबकि शेष राशि के लिए लगातार दबाव बनाया जा रहा था।

शिकायत का सत्यापन करने के बाद कानपुर विजिलेंस की टीम ने योजनाबद्ध तरीके से जाल बिछाया। बुधवार को लगभग 12 सदस्यीय टीम इटावा पहुंची। जैसे ही शिकायतकर्ता ने सीएमओ कार्यालय परिसर में आरोपी अधिकारी को 55 हजार रुपये सौंपे, विजिलेंस टीम ने तत्काल कार्रवाई करते हुए उन्हें पकड़ लिया और कथित रिश्वत की राशि बरामद कर ली।

सूत्रों के अनुसार, आरोपी अधिकारी लंबे समय से इटावा में तैनात थे और उन पर पूर्व में भी विभागीय कार्यों के बदले रिश्वत लेने के आरोप लग चुके हैं। गिरफ्तारी के बाद विजिलेंस टीम उन्हें सिविल लाइंस थाने ले गई, जहां उनके विरुद्ध भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत आवश्यक कानूनी कार्रवाई शुरू की गई।

मामले के संबंध में स्वास्थ्य विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों ने तत्काल कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया नहीं दी है। वहीं, विजिलेंस विभाग द्वारा मामले की आगे की जांच जारी है।

National

spot_img

International

spot_img
RELATED ARTICLES