
लखनऊ। उत्तर प्रदेश पुलिस को आज एक ऐतिहासिक दिन के रूप में 60,244 नए सिपाही मिले। प्रदेशभर के 112 प्रशिक्षण केंद्रों पर आयोजित पासिंग आउट परेड के साथ ये प्रशिक्षु अब फील्ड ड्यूटी के लिए तैयार हो गए हैं। राजधानी लखनऊ में आयोजित मुख्य समारोह में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने परेड की सलामी ली और खुले वाहन में निरीक्षण किया।
कार्यक्रम में डीजीपी राजीव कृष्ण, लखनऊ पुलिस कमिश्नर अमरेन्द्र कुमार सेंगर, अपर मुख्य सचिव (गृह) संजय प्रसाद और राज्यसभा सांसद डॉ. दिनेश शर्मा सहित कई वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे।
महिला शक्ति पर विशेष जोर
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने महिला सशक्तिकरण पर जोर देते हुए कहा कि प्रदेश में महिला पुलिस बल की भागीदारी 13% से बढ़कर 26% हो गई है। उन्होंने 20% बेटियों की अनिवार्य भर्ती और पीएसी में तीन महिला बटालियन बनाए जाने का भी उल्लेख किया। परेड के दौरान सीएम महिला जवानों की सलामी लेते नजर आए।
कानून-व्यवस्था में बड़ा बदलाव
सीएम ने अपने संबोधन में कहा कि 2017 से पहले प्रदेश में दंगे और कर्फ्यू आम बात थे, लेकिन अब पुलिस दंगों को होने से पहले ही रोकने में सक्षम है। उन्होंने दावा किया कि अब प्रदेश में “गुंडा टैक्स” और अवैध वसूली खत्म हो चुकी है और अपराधियों में पुलिस का खौफ है।
‘जीरो टॉलरेंस’ नीति पर जोर
मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि राज्य सरकार अपराध और अपराधियों के प्रति “जीरो टॉलरेंस” की नीति पर काम कर रही है। उन्होंने नए सिपाहियों को संदेश देते हुए कहा कि वे अपराधियों के प्रति कठोर और नागरिकों के प्रति संवेदनशील रहें।
आधुनिक प्रशिक्षण और बढ़ी क्षमता
सीएम ने बताया कि 2017 में जहां पुलिस प्रशिक्षण की क्षमता मात्र 3,000 थी, वहीं अब 60,000 से अधिक प्रशिक्षुओं को एक साथ प्रशिक्षण देना संभव हो गया है। सिपाहियों को आधुनिक हथियारों, विशेष रूप से इंसास राइफल से प्रशिक्षित किया गया है।
महिला सुरक्षा और मिशन शक्ति
उन्होंने कहा कि 2019-20 से महिला सुरक्षा पर लगातार काम किया जा रहा है और हर थाने में ‘मिशन शक्ति’ केंद्र स्थापित किए गए हैं। मुख्यमंत्री ने कहा, “जहां बेटियां होंगी, वहां मैं जरूर जाऊंगा।”
अनुशासन और सेवा का संदेश
सीएम योगी आदित्यनाथ ने कहा कि वर्दी की असली ताकत अनुशासन है। उन्होंने प्रशिक्षुओं को प्रेरित करते हुए कहा, “प्रशिक्षण में जितना अधिक पसीना बहाओगे, भविष्य में उतना ही कम खून बहाना पड़ेगा।”
समारोह के अंत में मुख्यमंत्री ने नए सिपाहियों के उज्ज्वल भविष्य की कामना करते हुए कहा कि यूपी पुलिस देश की सर्वश्रेष्ठ पुलिस बनने की दिशा में आगे बढ़ रही है।
मुकुल सिंह की रिपोर्ट



